मोटू की प्रेणादायक कहानी - motivation in hindi - amjoys - हिंदी कहानीया

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Sunday, October 20, 2019

मोटू की प्रेणादायक कहानी - motivation in hindi

motivation in hindi 

हेलो दोस्तो,आज में आपके लिए बहोत ही अच्छी motivation in hindi कहानी लेकर आया हु जिसे पढ़कर आपको मजा आ जाएगा।

motivation in hindi start

तो ये कहानी है,मोटू नामके लड़के की उसका नाम ऐसे ही मोटू नही रखा था वो सचमे मोटा था,इसीलिए सबने उसका नाम मोटू रख दिया।
लेकिन धीरे-धीरे मोटू का खाना बढ़ रहा था और मोटू का पेट फुलता जा रहा था,उसके परिवार वाले चिंता करने लगते है,सबको लगता है,की ऐसा बहुत दिनों तक चला तो हम बर्बाद हो जाएंगे।
और मोटू की भूख दिन ब दिन बढ़ती ही जा रही थी।
मोटू बहुत चलता भी नही था ,पूरा दिन खाकर सो जाता था,वो रिक्शा के अंदर भी नही बैठ सकता था इतना मोटा हो गया था मोटू।
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एक बार मोटू कहि जाकर वापस घर आया और घर पर आते ही मोटू ने उनकी माँ से कहाँ माँ मुझे भुख लगी है,जल्दी से मुजे कहना दो,मोटू की माता बोली हा देती हूं रुको-रुको मोटू बोला मुजे कहना जल्दी दीजिये में रुक नही सकता मुजे बहुत ही भूख लगी है।
माँ बोली ले यो खाना फिर मोटू खाना  शरू करता है,और देखते ही देखते मोटू सारा खाना खा गया,और अपनी माँ से कहता माँ आपका धन्यवाद इतना अच्छा खाना देने के लिए फिर मोटू वापस सो जाता है चेन की नींद की,और मोटू जैसे ही नींद से जागता है,वो वापस खाना मांगता है।

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माँ मुझे खाना दो मुजे बहुत ही भुख मोटू की माँ बोली हा देती हूं थोड़ देर रुको,मोटू बोला नही में थोड़ी देर रुक नही सकता मेरे पेट मे चूहे दौड़ रहे, है जल्दी से मुजे खाना दो।
माँ बोली ये लो खाना फिर मोटू खाना शरू करता है, और देखते ही देखते वापस मोटू सारा खाना खत्म कर देता है,मोटू की माँ को अब चिंता होने लगती है।

 जब रिक्शा वाला मोटू को अपनी रिक्शा में नही बिठाता था,तब उसके सारे दोस्त उसका मजाक उड़ाते थे,और उस पर हँसा करते थे।

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एक दिन मोटू की माँ गाँव के एक साधु के पास गए,और ये सब मोटू की पूरी कहानी बताई।
फिर ये कहानी सुनने के बाद वो साधु बोले आप कल अपने बेटे को यहाँ लेकर आना में सब ठीक कर दूंगा।मोटू की माँ बोली ठीक है,में कल आपके पास अपने बेटे मोटू को लेकर आऊंगी।

फिर दूसरे दिन मोटू की माँ मोटू को लेकर उस साधु के पास जाती है।वो साधु बोले मोटू बेटा तुजे अपना वजन कम करना है ना,मोटू बोला हा गुरुजी मुजे अपना वजन कम करना है।
साधु बोले अगर तुम्हें अपना वजन कम करना है तो तुम मेरा एक काम करोंगे।मोटू बोला जी गुरुजी में आपका काम जरूर करूँगा मगर ये काम मुश्किल को नही होगा ना मतलब की मुझसे हो तो पाएगा ना।साधु बोले है तुमसे से काम जरूर हो पाएगा।मोटू बोला ठीक है में आपका काम करने के लिए तैयार हूं।

फिर साधु मोटू के गले मे कुछ मंत्र बोल कर ताविज़ बांध देते है,और कहते है,अगर तुम्हें तुम्हारा वजन कम करना है तो मेरे लिए उस नारियेरी के पेड़ से एक नारियल तोड़ कर लाओ।

मोटू बोला बस इतनी सी बात है,फिर मोटू उस नारियेरी के पेड़ के पास जाता है,और ऊपर चढ़ने की कोशिश करता है।लेकिन उसके मोटे शरीर की वजह से वो नारियल पेड़ पर नही चढ़ सका, और वापस उस साधु के पास गया।
मोटू बोला गुरुजी में ऊपर नही चढ़ पा रहा हु कोई और तरीका दीजिये,साधु बोले दूसरा तरीका और कोई नही है,अगर तुम मुजे वो नारियल 2 महिने के अंदर लाकर नही दोंगे तो ये ताविज़ तुम्हे बीमार कर सकता है,या फिर तुम्हे मार भी सकता है।ये सुनके मोटू अपनी माँ के सामने देखता है।

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मोटू की माँ बोली बेटा में कुछ नही कर सकती
गुरुजी ने तुम्हे जैसा बोला वैसा तुम्हे करना ही होंगा।
फिर दूसरे दिन मोटू की मोटू के लिए खाना लेकर गई, मोटू ने कहा अबसे में बहोत नही खाऊंगा मुझे वो नारियल तोड़ना है।ये देखकर मोटू की माँ खुश हो जाती है।
फिर मोटू कसरत भी करने लगता है, और मोटू चलने के साथ दौड़ भी रहा था देखते-देखते मोटू पतला हो रहा था,और एक दिन मोटू वो नारियेरी के पेड़ पर चढ़ कर आखिर नारियल तोड़ ही लिया।

और अंत में दो दोस्तों की सच्ची कहानी भि पढ़ लीजिये|

फिर मोटू वो नारियल लेकर वो साधु के पास गया,और बोला गुरुजी ये देखो में वो नारियल तोड़ दिया,अब आप मुजे जल्दी से पतला कर दीजिए।
साधु हँसते-हँसते बोले अरे मेरे मोटू बीटा तुम पतले हो चुके हो।
फिर मोटू बोला अरे हा अब मुझे पता चला कि आपने मुजे वो नारियेरी से नारियल तोड़ने को क्यों कहा,धन्यवाद गुरुजी आपका धन्यवाद।

और ऐसे ही हमारी motivation in hindi  कहानी खत्म होती है।

ऐसे ही मजेदार आर्टिकल के साथ दूसरी कहानी में फिर मिलूंगा तब तक के लिए "अलविदा"

                                  कहानी पढ़ने के लिए धन्यवाद

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